आज समय बहुत बदल गया है। जीवन में आए परिवर्तन के कारण हम मानव रुक गए हैं पर मनुष्य कभी हार नहीं मानता। वह अपने आप को बदल कर सृष्टि को भी बदल देता है। आज हम सब करो ना जैसी महामारी से लड़ रहे हैं। हम इंसानों ने अपने आप को घरों की चार दीवारों में बंद कर दिया है पर हमने अपने शिक्षा , कार्यालयों आदि को नहीं बंद किए हैं।
16 मार्च से देश के सभी स्कूल बंद है, कब खुलेंगे ।इसका कभी अंदाजा नहीं। शिक्षकों ने छात्रों को शिक्षा देने का नया संकल्प किया है। घर में बैठे छात्रों को ऑनलाइन शिक्षा देनी शुरू कर दी है। हम इंसान हर मुसीबत में अपनी राह खोज लेते हैं और प्रकृति को दिखला ही देते हैं ।हम किसी से कम नहीं।
कहते हैं--हौसले बुलंद हो तो मंजिल मिल ही जाती है।
कुछ पंक्तियां-
पक्षी है हम इस गगन के।
बंद है कुछ ही समय से।।
फिर उड़ेंगे इस चमन में।
फैलाकर पंख ,
झूमेंगे नील गगन में।।
जब भी हम स्कूलों ,कार्यालय के लिए निकलेंगे ,तब हम इस ओर अवश्य ध्यान देंगे कि सोशल डिस्टेंस कम से कम 2 मीटर अवश्य हो और मास्क अवश्य इस्तेमाल करेंगे । जब भी स्कूल खुलेंगे तो यह स्कूल ड्रेस का हिस्सा बन सकता है। सारे देश में स्कूल ऑनलाइन क्लासेज़ से बच्चों की पढ़ाई करवा रहे हैं। असली चैलेंज तो स्कूल रि-ओपन होने के बाद आएंगे बहुत से बदलाव स्कूलों में आएंगे।
1. समय-समय पर क्लासेज़ सेनेटाइज करते रहेंगे।
2. मॉर्निंग असेंबली पर रोक होगी।
3. बच्चों और अध्यापकों की स्क्रीनिंग भी होगी।
4. बच्चे टिफिन घर से लेकर आएंगे। कैंटीन में जाने नहीं दिया जाएगा।
5. पेरेंट्स मीटिंग नहीं होगी।
6. स्कूल बस , वैन आदि के ड्राइवरों को लेकर सावधानी बरती जाएगी।
कुछ पंक्तियां-
बच्चे भागते थे स्कूल के नाम से।
समय ऐसा आएगा ,सोचा ना था।
अब वही हैं ,जो तरसते हैं स्कूल आने के लिए ।
घर रहे ,स्वस्थ रहें ।
By: Poonam Sharma
Very nice mam
ReplyDeleteक्या ख़ूब कहा
ReplyDeleteWow mam so nice
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